भारत के रिन्यूएबल एनर्जी सेक्टर में एक बड़ा कदम सोलेक्स एनर्जी लिमिटेड ने जर्मनी की आईएससी कोंस्टांज के साथ करार किया है। यह साझेदारी सोलर सेल निर्माण में रिसर्च और नेक्स्ट-जनरेशन इनोवेशन को बढ़ावा देगी। नई दिल्ली में हुए इस कार्यक्रम में भारत का पहला रियर कॉन्टैक्ट सोलर मॉड्यूल “तापी रियर कॉन्टैक्ट” लॉन्च किया गया, जो 24.6% दक्षता और 665W पावर आउटपुट के साथ देश की सबसे एडवांस सौर तकनीक मानी जा रही है। सोलेक्स के चेयरमैन डॉ. चेतन शाह ने बताया कि विज़न 2030 के तहत कंपनी का लक्ष्य ₹1 लाख करोड़ का वैल्यूएशन, 1.5 बिलियन डॉलर का निवेश और 25,000 लोगों की वर्कफोर्स तैयार करने का है। कंपनी 10 गीगावाट सोलर मॉड्यूल और 10 गीगावाट सेल निर्माण क्षमता स्थापित करने जा रही है। आईएससी कोंस्टांज के डॉ. राडोवन कोपेसेक ने कहा कि यह साझेदारी भारत को सौर ऊर्जा में वैश्विक नेतृत्व दिलाने की दिशा में एक बड़ा कदम है। सोलेक्स अब अपनी नई तकनीकों और तापी रियर कॉन्टैक्ट सोलर मॉड्यूल को 30 अक्टूबर से ग्रेटर नोएडा में होने वाले रिन्यूएबल एनर्जी इंडिया एक्सपो में दिखाने जा रहा है। इस एक्सपो में लोग कंपनी के नए इनोवेशन करीब से देख सकेंगे। हाल ही में सोलेक्स का एनएसई इमर्ज से एनएसई मेन बोर्ड में जाना भी उसकी तेज़ तरक्की और भरोसेमंद छवि को दर्शाता है।



